
फाईल फोटो, साभार-(सोशल मीडिया)
बीजिंग/नई दिल्ली। पूर्वी लद्दाख बार्डर पर दुश्मन के साथ जारी तनातनी के बीच 16 वें दौर की बातचीत के बाद दोनों पक्ष अपनी अपनी सेना को पीछे हटाने के लिए सहमत हुए थे। जहां अब इसकी तारीख भी तय हो चुकी है। बता दे कि गोगरा-हॉट स्प्रिंग्स एरिया के पैट्रोल प्वॉइंट-15 से भारत और चीन की सेना सोमवार तक तय शर्तों के मुताबिक पीछे हट जाएंगी। इस दौरान सूत्रों की तरफ से मिली जानकारी मे यह कहा गया है कि सेनाएं यहां से हटकर अपनी पुरानी पोजीशंस पर चली जाएंगी। इसके साथ ही यहां पर बनाए गए तमाम अस्थायी ढांचों को भी खत्म कर दिया जाएगा।
बता दे कि इसके बाद सीमाक्षेत्र के आर-पार 2 से 4 किमी का बफर जोन तैयार किया जाएगा। और यह उसी तरह से होगा जैसा एलएसी पर सेनाओं के हटने के बाद किया गया था। गौरतलब है कि इसी पैट्रोलिंग प्वॉइंट-15 पर भारत और चीन की सेना के बीच 28 महीने पहले भिड़ंत हो चुकी है।
इसके बाद दोनों सेनाओं के बीच कई दौर की बातचीत हुई थी। जुलाई में 16वें दौर की वार्ता के बाद तय किया गया था कि संवेदनशील सेक्टर्स में तनाव को कम किया जाएगा। हालांकि,समझौते के अनुसार भारतीय सेना जरूर पीछे हट रही है लेकिन सतर्कता व निगरानी लगातार जारी रहेगी। क्योंकि, दुश्मन का इतिहास रहा है विश्वासघात करने का, इसलिए ऐसे में ऐतिहातन अतिरिक्त सतर्कता रहेगी।
