
अमेरिकी फाइटेर एअरक्राफ्ट,फाईल फोटो साभार-(US नेवी के ट्वीटर से)
वाशिंग्टन/सिडनी। दुनिया भर में जारी भीषण जंगी तनातनी के बीच अभी हाल ही में ब्रिटिश पायलटो का चीनी सैनिकों को ट्रेनिंग कराने वाले खुलासे का तूफान अभी थमा भी नहीं था कि इस बीच चीन विरोधी देशों में हड़कंप मचाने वाली एक और रिपोर्ट सामने आई है। जिसमें यह दावा किया गया है कि चीन के इस मिशन में ब्रिटिश फाइटेर जेट के पायलट ही नहीं अमेरिकी पायलट भी शामिल है। जहां इस खुलासे की रिपोर्ट सामने आते हीं दुनिया भर में सनसनी फैल गई है।
दरअसल,चीनी सेना को स्पेशल ट्रेनिंग कराने के लिए अभी ब्रिटिश पायलटो का नाम सामने आया था लेकिन इस हरकत में शामिल एक पूर्व अमेरिकी फाइटर पायलट को ऑस्ट्रेलिया से गिरफ्तार करने के बाद यह साफ हो गया कि इसमें अमेरिकी भी शामिल है। बताया जा रहा है कि यह अमेरिकी पायटल चीनी वायु सेना के पायलटों को फ्लाइट इंस्ट्रक्टर के तौर पर ट्रेनिंग दिया करता था।
वहीं,ऑस्ट्रेलिया की तरफ से बताया गया है कि इस पूर्व पायलट को अमेरिका के अनुरोध पर गिरफ्तार किया गया है। जहां इसे ऑस्ट्रेलियाई अदालत में पेशी के बाद अब इसे अमेरिका प्रत्यर्पित करने की तैयारी की जा रही है। गिरफ्तार पूर्व अमेरिकी पायलट का नाम डैनियल एडमंड दुग्गन बताया जा रहा है। इस पायलट को न्यू साउथ वेल्स के ग्रामीण शहर ऑरेंज में शुक्रवार को गिरफ्तार किया गया। पुलिस और गिरफ्तार पायलट के वकील ने बताया कि डैनियल एडमंड को गिरफ्तार करने के तुरंत बाद अदालत में पेश किया गया।
अदालत में पेश होने के दौरान बहस के बाद जज ने डैनियल एडमंड को जमानत देने से इनकार कर दिया और पास के बाथर्स्ट जेल भेज दिया। बता दे कि गिरफ्तार पायलट एक अमेरिकी नागरिक है और उसकी गिरफ्तारी अमेरिका के अनुरोध पर किया गया। ऑस्ट्रेलियाई पुलिस औपचारिक प्रत्यर्पण कार्रवाई पूरा कर रही है। उसकी जमानत अर्जी पर विचार के लिए अगली सुनवाई नवंबर में सिडनी कोर्ट में होगी। ऑस्ट्रेलियाई पुलिस ने गिरफ्तारी के बाद अमेरिकी पूर्व पायलट पर लगे आरोपों और गिरफ्तारी की अर्जी को सीलबंद लिफाफे में कोर्ट को सौंपा था।
गौरतलब है कि यह गिरफ्तारी उस हफ्ते में हुई, जब ब्रिटेन ने दर्जनों पूर्व सैन्य पायलटों के चीन में काम करने का खुलासा किया था। ब्रिटेन ने कहा था कि ये लोग अगर चीन के लिए काम करना बंद नहीं करते हैं तो नए राष्ट्रीय सुरक्षा कानून के आधार पर कानूनी कार्रवाई की जाएगी। ऑस्ट्रेलिया भी उन रिपोर्टों की जांच कर रहा है, जिसमें कुछ पूर्व फाइटर पायलटों को चीन में काम करने के लिए संपर्क किया गया था।
चूंकि,अमेरिकी जांच एजेंसी (एफबीआई) चीनी सेना के लिए काम करने के कारण डैनियल एडमंड दुग्गन की लंबे समय से तलाश कर रही थी। जब इस पूर्व पायलट की लोकेशन ऑस्ट्रेलिया में ट्रेस हुई तो, तुरंत ही गिरफ्तारी के लिए अनुरोध किया गया। अमेरिकी सेना के लिए एक दशक तक काम करने वाला यह पायलट रिटायरमेंट के बाद ऑस्ट्रेलिया चला गया और टॉप गन तस्मानिया नाम से एक बिजनेस शुरू किया। इसमें पूर्व अमेरिकी, ब्रिटिश लड़ाकू पायलटों को पर्यटकों की खुशी के लिए जहाज उड़ाने का पेशकश किया जाता था। डैनियल एडमंड दुग्गन ने भी रिकॉर्ड शो और ऑस्ट्रेलियाई एयर शो में सैन्य विमान उड़ाए हैं।
जिस तरह से चीन को लेकर एक तरफ अमेरिका और यूरोप सहित भारत क्वाड सैन्य संगठन के जरिए उस पर नकेल कसने के मिशन पर लगातार सक्रिय है तो वही इस तरह के रिपोर्ट चीन विरोधी देशों में तमाम आशंकाओं बढ़ावा देती दीख रही है। जो कि सुरक्षा की दृष्टि से एक बड़ा लीक हो सकता है।
