
यूक्रेनी सैनिक,पोजीशन लेते हुए,फोटो साभार-( यूक्रेन के डिफेंस मिनिस्ट्री के ट्वीटर से)
कीव। रूस के साथ जारी भीषण जंग के बीच यूक्रेन के राष्ट्रपति व्लादिमीर जेलेंस्की ने बड़ा दावा करते हुए कहा है कि ईरानी ड्रोन का इस्तेमाल कर रूस उनके देश पर हमलों में तेजी लाने की तैयारी कर रहा है। उन्होंने आगे भी कहा कि रूस, अपने 63 सैनिकों के मारे जाने के बीच युद्ध नीति को रणक्षेत्र में झटका लगने के कुछ महीनों बाद कीव पर दबाव बनाने के नए तरीके ढूंढ रहा है।
उन्होंने आगे यह भी कहा कि यूक्रेन पर रूसी हमला शुरू होने के 10 महीने बाद,‘‘उनका लक्ष्य हमारे लोगों, हमारी वायु रक्षा, हमारी ऊर्जा को खत्म करना है।’’ रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन मास्को के त्रुटिपूर्ण युद्ध प्रयासों को सही साबित करने के तरीके ढूंढ रहे हैं, जिन्हें हाल के महीनों में यूक्रेन के पलटवार से नुकसान पहुंचा है। यूक्रेन को पश्चिमी देश हथियारों की आपूर्ति कर रहे हैं। क्रेमलिन को एक और नया झटका देते हुए यूक्रेनी सेना ने पूर्वी दोनेत्स्क क्षेत्र में एक स्थान पर रॉकेट दागे, जहां रूसी सैनिकों को रखा गया था।
बता दे कि इस हमले में 63 रूसी सैनिकों की मौत हुई थी, बताया जा रहा है कि युद्ध शुरू होने के बाद से रूसी सैनिकों पर किए गए यह सबसे घातक हमलों में से एक है। रूस के रक्षा मंत्रालय ने एक बयान में कहा कि हमले में, यूक्रेन की सेना ने हिमार्स प्रक्षेपण प्रणाली से छह रॉकेट दागे और उनमें से दो को गिरा दिया गया। हालांकि, यूक्रेन के सशस्त्र बलों के सामरिक संचार निदेशालय ने रविवार को दावा किया कि मकीवका में एक व्यावसायिक स्कूल की इमारत में लगभग 400 लामबंद रूसी सैनिक मारे गए और लगभग 300 अन्य घायल हो गए। इस बीच यूक्रेनी वायु सेना के प्रवक्ता यूरी इहनाट के हवाले से मंगलवार को दावा किया गया है कि सितंबर के बाद से यूक्रेन के सशस्त्र बलों ने दुश्मन के लगभग 500 ड्रोन को मार गिराया है।
