एक्सक्लूसिव रिपोर्ट

लद्दाख बार्डर पर चीनी फौज भारी संख्या में तोफ, टैंक, फाइटेर जेट की कर रही हैं तैनाती, इंडियन आर्मी भी अलर्ट होकर कर रही हैं दुश्मन को मुंहतोड़ जवाब देने की तैयारी – राकेश पांडेय (स्पेशल एडिटर)

नई दिल्ली। खबर है कि LAC बार्डर के पास चीनी फौज ने अपने नगारी गुनसा एयरबेस पर बड़ी संख्या में लड़ाकू विमानों और य़ूएवी को तैनात किया है। इसके अलावा नागारी इलाके में बड़ी संख्या में टैंक और आर्टिलरी को भी उसने तैनात कर रखा है। यह इलाका पैंगोंग त्सो से करीब 100 किमी की दूरी है।

इस तरह की भारी तैनाती से चीन की मंशा पर एक बार फिर संदेह पैदा हो रहा है। भारतीय सेना चीन की इस तैनाती पर निगरानी रखे हुए है। भारतीय सेना के मुताबिक वह पूरे हालात पर नजर बनाए हुए है।

गौरतलब है कि एलएसी पर पिछले साल से जारी तनाव को कम करने के लिए दोनों देशों के बीच विभिन्न स्तरों पर कई बार बातचीत हो चुकी है। जिस वजह से दोनों देशों की सेनाएं पीछे हट गई थी, लेकिन अब जिस तरह से चीनी सेना युद्ध से संबंधित संसाधनों को लद्दाख बार्डर पर लगातार तैनाती कर रही हैं,भारत हित में बिलकुल भी ठीक नहीं है।

सेना ने कहा कि रविवार को 13वें दौर की बैठक में, बाकी के क्षेत्रों में मुद्दों का समाधान नहीं निकला और भारतीय पक्ष ने जोर देकर कहा कि वह चीनी पक्ष से इस दिशा में काम करने की उम्मीद करता है। भारतीय सेना ने कहा कि वार्ता के दौरान भारतीय पक्ष ने इस बात का उल्लेख किया कि वास्तविक नियंत्रण रेखा (एलएसी) पर जो हालात बने वे यथास्थिति को बदलने के चीन के ‘एकतरफा प्रयासों’ के कारण पैदा हुए हैं और यह द्विपक्षीय समझौतों का उल्लंघन भी करते हैं।

भारतीय सेना ने एक वक्तव्य में कहा, ‘‘वार्ता के दौरान भारतीय पक्ष ने बाकी के क्षेत्रों में मुद्दों के समाधान के लिए सकारात्मक सुझाव दिए, लेकिन चीनी पक्ष उनसे सहमत नहीं लगा और वह आगे बढ़ने की दिशा में कोई प्रस्ताव भी नहीं दे सका। अत: बैठक में बाकी के क्षेत्रों के संबंध में कोई समाधान नहीं निकल सका।’’ गतिरोध के लिए दोनों पक्षों ने एक दूसरे पर दोष मढ़ा, वहीं पता चला है कि भारतीय पक्ष ने पेट्रोलिंग पॉइंट 15 (पीपी-15) से सैनिकों की वापसी की रूकी हुई प्रक्रिया का मुद्दा और देप्सांग तथा डेमचक से जुड़े मुद्दे भी वार्ता में उठाए।
फिलहाल भारतीय सेना अब पूरी तरह से अलर्ट मोड में है और दुश्मन को मुंहतोड़ जवाब देने की तैयारी में जुट गई है।

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